HINDI SAHITYA QUESTION 48

HINDI SAHITYA QUESTION 48

Q.1 नारी निंदा किस सम्प्रदाय में मिलती है??

A जैन सम्प्रदाय
B सिद्ध सम्प्रदाय
C नाथ पंथ✅
D सभी मे

Q.2 निम्न में से मैथिली हिंदी में रचित गद्य रचना का नाम बताए?

A राउल वेल
B प्राकृत पेंगलम
C वर्णरत्नाकर✅
D पदावली

Q.3 आदिकाल में  चरित्र काव्य सर्वाधिक किस साहित्य में रचे गए?

A नाथ साहित्य
B सिद्ध साहित्य
C रासो साहित्य
D जैन साहित्य✅

Q 4 आदिकाल की राजनेतिक पृष्ठभूमि थी?

A चौहान राजाओं का उत्थान
B ओरंगजेब का शासन काल
C हर्षवर्धन सम्राज्य का पतन✅
D हर्षवर्धन सम्राज्य का उत्थान

Q.5 ऐसे रासो ग्रंथ के रचनाकार का नाम बताइए जिसकी रचना अजमेर के शासक से संबंधित हैं ??

A दलपति विजय
B नरपति नाल्ह ✅
C नरसिंह
D मधुकर भट्ट

Q.6 निम्न में से कोनसा युग्म शालीभद्र सूरी की रचनाओं का है??

A भृतेश्वर बाहुबली घोर
B पंचपांडव रास
C चन्दनवालारास
D बुद्धिरास

अ) B,D✅
ब) A,B,D
स) A,D
द) A,B,C,D

Q 7 निम्न में से असंगत का चयन??

A कुमारपाल प्रतिबोध–सोमप्रभ सूरी

B णयकुमार चरिउ(नागकुमार चरिउ)—पुष्पदन्त

C रेवन्तगिरिरास—-सुमतिगण✅

D जयचंद प्रकाश–भट्टकेदार

Q 8 पृथ्वीराज रासो को शुक शुकी सवांद के रूप में रचित मानने वाले आलोचक है?

A आ०शुक्ल
B हजारीप्रसाद द्विवेदी✅
C धीरेंद्र वर्मा
D रामकुमार वर्मा

Q 9 आदिकाल का अधिकतम साहित्य किस प्रांत से प्राप्त हुआ?

A दक्षिण भारत
B उत्तरप्रदेश
C बंगाल
D राजस्थान✅

Q 10 उस समय जैसे गाथा या गाहा से प्राकृत का बोध होता था वैसे ही दोहा या दुहा कहने से अपभ्रंश का-यह कथन किस आलोचक का है?

A नित्यानन्द तिवारी
B नामवर सिंह
C आ०शुक्ल✅
D हजारीप्रसाद द्विवेदी

Q 11 कवियों के कालक्रम का कोनसा विकल्प सही है?

A सरहपा-लुइपा-विरूपा-कण्हपा✅
B लुइपा-विरूपा-कण्हपा-सरहपा
C सरहपा-विरूपा-कण्हपा-लुइपा
D कण्हपा-सरहपा-लुइपा-विरूपा

Q 12 तंत्र साधना की प्रधानता किसमे रही?

A वैष्णओ में
B सन्तो में
C नाथो में
D व्रजयान✅

Q 13 विद्यापति ने किस भाषा मे रचना नही लिखी?

A संस्कृत
B मैथिली
C अवहट्ठ
D बंगाली✅

Q 14 हिंदी रास परम्परा की प्रथम ऐतिहासिक रचना है?

A स्थूलिभद्र रास
B रेवंतगिरी रास
C दर्शन सार
D पंचपांडवचरित्र रास✅

Q 15 तरेसठ श्लाका पुरुषों के जीवन का वर्णन हुआ है?

A चरिउ काव्यों में
B रस काव्यों में
C कथा काव्य में
D महापुराण में✅

Q 16 वीर गाथा काल में जैन,नाथ सिद्ध की रचनाओं को साहित्य के अंतर्गत किस आलोचक ने नहीं माना?

A हजारीप्रसाद द्विवेदी
B नामवर सिंह
C डॉ नगेन्द्र
D आ०शुक्ल✅

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