URDU DESCRIPTIVE

Urdu Imla ( ऊर्दू इमला ) اردو املا

 “इस जबान के अल्फाज़ो को सही सही हरफ और इस के ठीक ठीक बनावट के साथ लिखने को “इमला” कहाजाता है” किसी ज़बान की तहरीरी सूरत या बनावट को इस जबान का “रस्म अलखत” कहा जाता है I और यही तरीका ऊर्दू में भी है जिन अल्फाजो को हम बोलते है इस के सही तलफुज […]

Zodiac one thing ( राशि एक बात )

جدیدیت ایک تعارف Zodiac one thing ( राशि एक बात ) * ایک فکری رحجان. *با قاعدہ تحریک نہیں. *شروعات 1960 * ادب کو فرد کے احساسات کی جانب راغب کیا *انفرادی احساسات مثلاً… ذاتی خوشی، غم، افسوس… ہر قسم کے محسوسات پر توجہ مرکوز کی گئی. *اسکا مقصد اجتماعیت سے فرد کی انفرادیت کو […]

شاعری ( Poetry in urdu )

شاعری  कविता ( Poetry in urdu ) کا مادہ “شعر” ہے اس کے معنی کسی چیز کے جاننے پہچاننے اور واقفیت کے ہیں۔ لیکن اصطلاحاً شعر اس کلامِ موزوں کو کہتے ہیں جو قصداً کہا جائے۔ یہ کلام موزوں جذبات اور احساسات کے طابع ہوتا ہے۔ اور کسی واقع کی طرف جاننے کا اشارہ کرتا […]

Audio visual equipment name in urdu ( उर्दू श्रव्य दृश्य उपकरण )

Audio visual equipment name in urdu ( उर्दू श्रव्य दृश्य उपकरण )  1 درجہ بندی 2-مواد 3 ٹائک 4 تاریخ / موراکو 5 وقت کی مدت 6-دریایا 7 ٹیرف 8-روحانی مقصد 9-اول اول 10 لوازمت 11 پیشکش 12-مزمین 13 سکول کے ماسٹر کا بیان 14 تاثمی کا بیان 15 بلیکبورڈ کا کام 16 امی 17 […]

Interesting and important Malumat of Urdu ( उर्दू मालूमात )

ﺍﺭﺩﻭ ﮐﯽ ﺩﻟﭽﺴﭗ ﺍﻭﺭ ﺍﮨﻢ ﻣﻌﻠﻮﻣﺎﺕ    ﺳﻮﺍﻝ : ﺷﮑﯿﺐ ﺟﻼﻟﯽ ﺍﯾﮏ ﺷﺎﻋﺮ ﺗﮭﺎ ﺍﺱ ﮐﯽ ﻣﻮﺕ ﮐﺲ ﻃﺮﺡ ﮨﻮﺋﯽ ﺗﮭﯽ؟ ﺟﻮﺍﺏ : 1966 ﻣﯿﮟ ﺭﯾﻞ ﮔﺎﮌﯼ ﮐﮯ ﺳﺎﻣﻨﮯ ﺁﮐﺮ ﺧﻮﺩ ﮐﺸﯽ ﮐﺮﻟﯽ ﺗﮭﯽ . ﺳﻮﺍﻝ : 1970 ﻣﯿﮟ ﺍﺭﺩﻭ ﮐﮯ ﻣﺸﮩﻮﺭ ﺷﺎﻋﺮ ﮐﻮﻥ ﺗﮭﮯ ﺟﻨﮩﻮﮞ ﻧﮯ ﺧﻮﺩ ﮐﺸﯽ ﮐﯽ ﺗﮭﯽ؟ ﺟﻮﺍﺏ : ﻣﺼﻄﻔﯽٰ ﺯﯾﺪﯼ […]

An Introduction to Writer Majnun Gorakhpuri ( लेखक मजनूंन गोरखपुरी )

مجنوں گورکھپوری  Writer Majnun Gorakhpuri ( लेखक मजनूंन गोरखपुरी ) نقاد، افسانہ نگار، مترجم، پروفیسر پروفیسر مجنوں گورکھپوری (انگریزی: Majnun Gorakhpuri)، (پیدائش: 10 مئی،1904ء – وفات: 4 جون، 1988ء) پاکستان سے تعلق رکھنے والے ممتاز محقق، افسانہ نگار، نقاد، مترجم اور پروفیسر تھے۔ مجنوں گورکھپوری پیدائش احمد صدیق 10 مئی 1904ء گورکھپور، برطانوی ہندوستان وفات 4 […]

An introduction to Dr. Iqabal ( डॉ.इक़बाल एक परिचय ) in urdu

اقوال An introduction to Dr. Iqabal ( डॉ.इक़बाल एक परिचय )  ۱. فراق نے اردو شاعری کی طاق میں ہندوستانیت اور آفاقیت کی شمع روشن کی۔ سلام سندیلوی ۲. جزبی سلگتی ہوئی آتش رفتہ کا شاعر ہے۔ محمد حسن ۳. قاضی عبدالودود تحقیق کے ’’ معلمِ ثانی‘‘ ہیں۔ رشید حسن خان ۴. فلسفہ ہمارے دائیں […]

Entekhab Urdu by Hafiz Chadhari | इंतेख़ाब by हाफ़िज चोधरी

*اردو کی چند اہم تعریفیں اور اردو گرائمر * حمد : نظم جس میں اللہ کی تعریف ہو نعت : رسول اکرم ص کی تعریفی نظم قصیدہ/منقبت : کسی بھی شخصیت کی توصیفی نظم مثنوی:چھوٹی بحر کی نظم جسکے ہر شعر کے دونوں مصرعے ہم قافیہ ہوں اور ہر شعر کا قافیہ الگ ہو۔ مرثیہ: […]

Net urdu most question ( بتاریخ __ 22 فروری 2018 )

Net urdu most question ( بتاریخ__ 22 فروری 2018 ) این آئی او ایس ڈی ایل ایڈ کی تیاری اردو زبان میں کر رہے معزز اساتذہ توجہ دیں۔ دی گئی اطلاع کے مطابق الحمداللہ۔ آج اردو اساتذہ کے نمائندگان نے ریجنل سینٹر پٹنہ میں میڈیم انتخاب کرنے میں اردو زبان کو فوری طور پر شامل […]

Some essentials of Urdu adab Malumat ( उर्दू अदब की कुछ जरूरी मालूमात )

اردو ادب کی کچھ ضروری معلومات Urdu adb Malumat ( उर्दू अदब की कुछ जरूरी मालूमात ) 1.۔ پہلے مشہور شاعر ۔ امیر خسرو 2.۔ پہلے صاحب دیوان شاعر ۔ محمد قلی قطب شاہ 3.۔ پہلے صوفی شاعر ۔ میر درد 4.۔ پہلے ناول نگار ۔ ڈپٹی نذیر احمد (مراۃ العروس) 5.۔ پہلے افسانہ نگار ۔ پریم […]

Urdu Knowledge Lecture Test ( उर्दू नॉलेज लेक्चर टेस्ट )

( Urdu Knowledge Lecture Test ) اردو نالج لیکچرر ٹیسٹ۔۔۔۔۔۔۔۔  سوالنمبر1 ڈپٹی نذیر نے کون سا خطاب قبول کرنے سے انکار کیا تها؟ جواب:”غیورجنگ” سوالنمبر 2 اردو انشائیے کے بانی کون هیں؟ جواب:میر ناصر علی سوالنمبر 3 “جوش”کے علاوہ کونسا شاعر “محروم” تخلص لکهتا تها جواب:تلوک چند سوالنمبر 4 سرسید کس کو شفقت سے”ناصح مشفق” کہتے […]

ऊर्दू – क़वायद (व्याकरण) | फ़ेल | जुमले | ज़माना | फ़ेल माज़ी की किश्मे 

फ़ेल (क्रिया) – ऊर्दू – क़वायद फ़ेल वो है जिस से किसी सह(काम) करना या होना मालूम हो, जैसे- तमाशा शुरू हुवा, इस ने ख़त लिखा वगेरा (आदि) तमाम अल्फ़ाज मसदर से निकलता है और इस के आखिर में “ना” आता है जैसे– खाना, जाना, सोना, वगेरा मसदर का “ना” हटा ने पर जो बचता […]

URDU मुहावरे

URDU मुहावरे मुहावरा अरबी जबान का अल्फाज है जिस के मायने ये है “बा हम गुफ्तगू” करना है-  लफजी मायने- वो कलाम जिस को अहले ज़बान ने लफजी मायने की मनासबत या गैर मनासबत से लिसी ख़ास मायने के लिए मख़सूस कर लिया हो I  अस्तलाही मायने- दो या दो से ज्यादा अल्फ़ाज के इस […]

सिफ़त/ विशेषण

सिफ़त/ विशेषण  वो कलमा है जिस से किसी इश्म की अच्छाई या बुराई ज़ाहिर हो वो सिफ़त कहलाता है या किसी चीज़ की किसी भी तरह की ख़ूबी या खुसुशीयत को सिफ़त कहते है I  जिस इश्म की ख़ूबी बयान की जाए वो मुसुफ कहलाता है I  जैसे- सफेद             […]

ज़मीर और उस के अक्साम

(सर्वनाम और उस के प्रकार) ?वो अल्फ़ाज जो के इश्मे ख़ास के बजाय इस्तमाल किये जाये ज़मीर कहलाते है ?जैसे-वो, में, तुम, तुम को, तुम्हारा, वगेरा ? जैसे- आज हामिद दिल्ली गया, वो कल वापस लौटेगा इस में “वो” हामिद के जगाह इस्तमाल हुवा है जो “जमीर” है ?ज़मीर की मन्दराजेल किश्मे है ? ?(1) […]

मतरादाफात & मूतअदफ

परिभाषा- किसी बात में वजन पैदा करने के लिए, अक्षर दवायश “अल्फ़ाज इस्तमाल करते है जिन के मायने तकरीबन एक जैसे हो तो हम इन को मूतअदफअल्फ़ाज कहते है” (REET-2015) ◾जैसे अल्लह- रब, खुदा ? कुछ अल्फ़ाज और उन के मूतअदफ ? ◽चाँद – क़मर , महताब (REET-2015 लेवल I और लेवल II) ◽ बिमारी- […]

उर्दू के शब्दों के अर्थ

? – शब्द कोष – ? अक़्ल= बुद्धि, तर्क, ज्ञान  ,   अकबर= सबसे महान   , अकसर= अधिकतर, आमतौर पर, बहुत, बार बार अख्ज़= पकड़नेवाला, लेनेवाला, छीनने वाला, लोभी  , अख़बार= समाचार, समाचारपत्र अगर= यदि, तथापि  , अग्य्ा़ार= अजनबी, प्रतिद्वन्दी (गै़र का बहुवचन) अगल़ात= अशुद्धियां (गल़त का बहुवचन)  , अर्जमन्द= महान  , अऱ्ज= धरती, […]

मतजाद (विलोम शब्द)

 मतजाद लफ़्ज दर से बना है, जिस के मायने बद अक़्स या उल्टा के है- अहले ज़बान मतरादफ अल्फ़ाज को ईस्तमाल कर के अपनी बात में ज़ोर पैदा किया करते है- दरअसल मतजाद अल्फाज का ईस्तमाल करना उर्दू जबान की लजाफ्त और ज़ोश और बयान को बड़ा ने का बाइस है- इन में किसी भी […]

वाहिद और जमा

( एक वचन और बहुवचन) ▪ इस तदरीस की दो किश्म है ▫(i) वाहिद (एकवचन) ▫(ii) जमा (बहुवचन) ▪ वाहिद- वो इश्म है जिस से किसी एक शख्श या चीज़ का पता मालुम हो , जैसे- कलीम, किताब, मेज़ वगेरा ▪ जमा- दो या दो से ज्यदा अफ़राद या चीजो की जमा का ईस्तमाल होता […]

ऐराब

तारीफ़(परिभाषा)- हरफ़े तबही के अलावा ऊर्दू में बाज़ दूसरी अलामते भी आवाज़ व कोई ज़ाहिर करने के लिए इस्तमाल की जाती है- इस को “ऐराब” कहते है (REET-L-II) “हरुफ़ पर लगाए जाने वाले- ज़ेर, ज़बर, फ़ेस ऐराब कहलाते है” अब , इस , उस वगेरा ऊर्दू रस्मे-उलखत में ऐराब लगाने में कमी आती है अगर […]

ऊर्दू – रमुजी अवकाम ( विराम चिन्ह् )

♻ ऊर्दू जबान के तलबा को लिखने या पढ़ने के दौरान कहा पर ख़तमा, वाकिफ़ दिया जाना चाहिए और इस की अलामत क्या है इस के मुतालिक(जुडी) बात हमे मालूमात होती है ♻ अवकाफ जमा है वकिफा(ठहराव) के अवकाफ इन अलामतो का नाम है “जो एक जुमले को दूसरे जुमले से या एक जुमले को […]

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